मुंबई, दि. 23
यदि आप घायल अवस्था में बारिश के पानी, कीचड़ से होकर गुजरते हैं तो ‘लेप्टो’ की संभावना अधिक होती है। हालांकि, बृहन्मुंबई महानगरपालिका प्रशासन ने नागरिकों से आवश्यक सावधानी बरतने की अपील की है।
बारिश के पानी या कीचड़ से गुजरने वाले व्यक्तियों को 24 से 72 घंटों के भीतर चिकित्सा सलाह लेनी चाहिए और निवारक दवाएं लेनी चाहिए।
भारी बारिश के दौरान नागरिकों को रुके हुए या बहते पानी से होकर गुजरना पड़ता है। उसी पानी में ‘लेप्टोस्पायरोसिस’ बीमारी के सूक्ष्म जीव भी हो सकते हैं। ऐसे में अगर कोई व्यक्ति पानी के संपर्क में आता है तो लेप्टो डिसऑर्डर होने की संभावना रहती है
बृहन्मुंबई महानगरपालिका के कार्यकारी स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. दक्ष शाह ने कहा,व्यक्ति के पैर या शरीर के किसी हिस्से पर घाव है, या साधारण खरोंच भी है; हालाँकि, इतने छोटे घाव से भी लेप्टो के कीटाणु मानव शरीर में प्रवेश कर जाते हैं। इसलिए उन्होंने बारिश के पानी के संपर्क में आए लोगों से तुरंत चिकित्सीय सलाह के अनुसार निवारक दवा लेने की भी अपील की है
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