मुंबई, दि. 25
अनुभवी पत्रकार, मोनोलॉग लेखक, क्रिकेट और फिल्म लेखक शिरीष काणेकर का आज दिल का दौरा पड़ने से निधन हो गया। वह अस्सी वर्ष के बुजुर्ग थे। उनके कार्यक्रम कनेकरी, माझी फ़िल्मबाज़ी विशेष रूप से लोकप्रिय थे।
तबीयत खराब होने पर उन्हें एक निजी अस्पताल में भर्ती कराया गया। पिछले महीने 6 जून को उन्होंने अपना 80वां जन्मदिन मनाया था।
फिल्म, साहित्य और खेल के क्षेत्र में विभिन्न घटनाओं पर उनके लेख विभिन्न समाचार पत्रों और पत्रिकाओं में लोकप्रिय हैं। काणेकर ने 30 से अधिक पुस्तकें प्रकाशित की हैं।
उन्होंने ‘इंडियन एक्सप्रेस, डेली’, ‘फ्री प्रेस जर्नल’, ‘सिंडिकेटेड प्रेस न्यूज एजेंसी’ जैसे अखबारों में काम किया। गाये चला जा, यादों की बारात, पुन्हा यादों की बारात, शिरीषासन, फिलम्बाजी, कानेकारी, लगाव बत्ती, नानकटाई, चापटपोली, मेतकूट, फटकेबाजी काणेकर की कुछ प्रसिद्ध पुस्तकें हैं।
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