प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी की अध्यक्षता में केन्द्रीय मंत्रिमंडल ने केन्द्रीय सूची में अन्य पिछड़ा वर्ग के उप-वर्गीकरण के मुद्दे की जांच करने वाले आयोग की सेवा अवधि को 30 नवम्बर, 2018 से छह महीने बढ़ाकर 31 मई, 2019 तक विस्तार देने की मंजूरी दी है।
आयोग ने राज्य सरकार, राज्य पिछड़ा वर्ग आयोग, विभिन्न सामुदायिक संगठन व पिछड़े वर्गों से जुड़े आम नागरिकों समेत विभिन्न हितधारकों के साथ विस्तार से बैठकें की है। आयोग ने उच्च शैक्षणिक संस्थानों में नामांकित ओबीसी छात्रों तथा केन्द्र सरकार के विभागों, सार्वजनिक क्षेत्र के उद्यमों, सरकारी बैंकों व वित्तीय संस्थानों में ओबीसी के प्रतिनिधित्व से संबंधित आंकड़ों का संग्रह किया है।
रिपोर्ट तथा उप-वर्गीकरण सूची को अंतिम रूप देने से पहले, प्राप्त आंकड़ों के परीक्षण व विश्लेषण के आधार पर आयोग ने राज्यों तथा उनके पिछड़े वर्ग आयोगों के साथ अगले दौर की चर्चाओं की आवश्यकता व्यक्त की है।
"सेवा ही धर्म है, सहयोग ही परम पुण्य है" के ध्येय वाक्य को आत्मसात करते…
डोंबिवली: महाराष्ट्र के डोंबिवली में एक बेहद चौंकाने वाला मामला सामने आया है, जहां महाराष्ट्र…
अंबरनाथ/बदलापुर। नर सेवा ही नारायण सेवा है और जीव दया ही सबसे बड़ा धर्म है।…
कल्याण: मध्य रेलवे के सबसे व्यस्त जंक्शनों में शुमार कल्याण स्टेशन पर एक ऐसी घटना…
कल्याण: मध्य रेलवे के सबसे व्यस्त और महत्वपूर्ण स्टेशनों में से एक, कल्याण स्टेशन पर…
कल्याण (पश्चिम): वल्लभ टावर सोसाइटी में रहने वाले एक सेवानिवृत्त पुलिस उपायुक्त (DCP), बी. एल.…